100 Shabdon Ki Kahaniyan
Mubashshir Ali Zaidi₹199₹24920% off
by Rais Farogh
No reviews yetSeller: Rekhta Publication
| Item Weight: | 294 Grams |
|---|---|
| ISBN: | 9788194876939 |
| Author: | Rais Farogh |
| Language: | Hindi |
| Publisher: | Rekhta Publication |
| Pages: | 124 |
| Dimensions: | 215 x 140 x 18 cm |
| Book type: | Paperback |
| Publishing year: | 2021 |
| Genre: | Poetry |
"फिर मुझे नींद आ गई" जदीद शाइ’री के नुमाइन्दा शाइ’र रईस फ़रोग़ की तीसरी किताब है जो रेख़्ता बुक्स के " रेख़्ता नुमाइन्दा कलाम" सीरीज़ के तहत शाया हुई है| इससे पहले उनका एक शाइरी-संग्रह "रात बहुत हवा चली" और बच्चों के लिए नज़्मों का संग्रह "सूरज चाँद सितारे" प्रकाशित हो चुकी है| 05 अगस्त 1982 को कराची में उनका निधन हुआ|
"फिर मुझे नींद आ गई" जदीद शाइ’री के नुमाइन्दा शाइ’र रईस फ़रोग़ की तीसरी किताब है जो रेख़्ता बुक्स के " रेख़्ता नुमाइन्दा कलाम" सीरीज़ के तहत शाया हुई है| इससे पहले उनका एक शाइरी-संग्रह "रात बहुत हवा चली" और बच्चों के लिए नज़्मों का संग्रह "सूरज चाँद सितारे" प्रकाशित हो चुकी है| 05 अगस्त 1982 को कराची में उनका निधन हुआ|